यह चार का चक्कर क्या है? | Dharmik Vichar

Dharmik Suvichar

Dharmik Vichar ( Dharmik Suvichar ) – अपने विचारों से ही व्यक्ति महान बनता है और अपने जीवन के महत्वपूर्ण लक्ष्यों को भी प्राप्त करता हैं. अच्छे विचार इंसान के मन में तभी आते है जब वह अच्छी चीजों को सुनता या पढ़ता हैं.

बेस्ट धार्मिक विचार | Best Dharmik Vichar

चार वस्तुएं जाकर फिर कभी नहीं लौटती –

  1. मुँह से निकली बात
  2. कमान से निकला तीर
  3. बीती हुई आयु
  4. दूर हुआ ज्ञान

चार बातों को सदैव स्मरण रखो –

  1. दुसरे के द्वारा किया गया उपकार
  2. अपने द्वारा दुसरे पर किया गया उपकार
  3. मृत्यु
  4. सर्वशक्तिमान प्रभु को

चार वस्तुएं मनुष्य को भाग्य से प्राप्त होती है –

  1. भगवान को स्मरण रखने की इच्छा
  2. संतो की संगति
  3. चरित्र की पवित्रता
  4. उदारता

चार वस्तुओं पर भरोसा रखो –

  1. सत्य
  2. पुरूषार्थ
  3. भगवान
  4. स्वार्थहीन मित्र पर

चार बातों को सदैव स्मरण रखो

  1. बड़ों का सम्मान करना
  2. छोटों की रक्षा करना
  3. स्नेह करना
  4. बुद्धिमानो से परामर्श लेना और मूर्खों के साथ कभी न लड़ना

चार वस्तुएं दुर्बल दिखती है परन्तु बाद में दुःख का कारण बनती हैं –

  1. अग्नि
  2. रोग
  3. ऋण
  4. पाप

चार वस्तुओं का सदा सेवन करना चाहिए –

  1. सत्संग
  2. संतोष
  3. दान
  4. दया

चार वस्तुओं पर भरोसा कभी नहीं रखो –

  1. बिना जीता हुआ मन
  2. शत्रु की प्रीति
  3. स्वार्थी की खुशामद
  4. व्यवसायी ज्योतिषयों की भविष्यवाणी

चार गुण दुर्लभ है –

  1. धन में पवित्रता
  2. दान में विनय
  3. वीरता में दया
  4. अधिकार में अभिमान रहित रहना