दीदी माँ – साध्वी ऋतंभरा की जीवनी | Didi Ma – Sadhvi Ritambhara Biography in Hindi

Didi Ma - Sadhvi Ritambhara Biography in Hindi

Didi Ma – Sadhvi Ritambhara Biography in Hindi – साध्वी ऋतंभरा जी, इन्हें लोग “दीदी माँ ( Didi Ma )” के नाम से भी जानते हैं. इन्हें सबसे पहले एक जीवंत वक्ता के रूप में जाना गया. साध्वी ऋतंभरा एक प्रसिद्ध अध्यात्मिक गुरू, भारतीय संस्कृति और हिंदुत्व की उपदेशक और समाज सेवी हैं. साध्वी जी महिलाओं और बच्चों के लिए खोलें गये वात्सल्य ग्राम की संस्थापक हैं.

जहाँ न्याय कला पछताता हो,
क़ानून सत्य को खाता हो,
जिस धरती पर ईमान नहीं,
इंसान जहाँ इंसान नहीं,
वो मेरा हिन्दुस्तान नहीं.

दीदी माँ – साध्वी ऋतंभरा का जीवन परिचय | Didi Ma – Sadhvi Ritambhara Biography

पूरा नाम – साध्वी ऋतंभरा ( Sadhvi Ritambhara )
उपनाम – निशा
प्रसिद्ध नाम – दीदी माँ ( Didi Ma )
जन्म – 2 जनवरी, 1964
जन्म स्थान – मंडी दौराहा (Mandi Dauraha), लुधियाना, पंजाब
माता का नाम – श्रीमती कलावती
पिता का नाम – श्री प्यारेलाल जी
राष्ट्रीयता – भारतीय
कार्यक्षेत्र – अध्यात्मिक गुरू, समाज सेवी, भारतीय संस्कृति, हिंदुत्व और धर्म उपदेशक
लोकप्रियता का कारण – राम जन्म भूमि मंदिर आन्दोलन (1992)

साध्वी ऋतंभरा वात्सल्य ग्राम | Sadhvi Ritambhara Vatsalya Gram

कम आयु में ही घर-बार छोड़कर सन्यासी बनने वाली साध्वी ऋतंभरा हिन्दू धर्म की प्रबल प्रचारक हैं. साध्वी ऋतंभरा ने बेसहारा महिलाओं और बच्चों के लिए एक अनूठा प्रयोग किया और वात्सल्य ग्राम की स्थापना की. वात्सल्य ग्राम में महिलाओं और बच्चों को परिवार की मान्यताओं पर आधारित घर दिया जाता हैं.

वात्सल्य ग्राम की कहानी | Vatsalya Gram Story in Hindi

एक बच्चे के प्रति उसके माँ के प्रेम को शब्दों में नहीं बताया जा सकता हैं. यह कहानी एक ऐसी माँ की हैं जिसने अपने हृदय पर पत्थर रखकर, अपने नवजात बच्चे को “वात्सल्य ग्राम ( Vatsalya Gram )” के पालना घर में छोड़ गई थी. दीदी माँ – साध्वी जी की गोद में आकर उस नवजात को नाम मिला “रूद्राक्ष”. यहाँ सबसे आश्चर्यजनक बात यह थी कि वह नवजात एक लड़का था. सभी को आश्चर्य हुआ कि एक लड़के को कोई पालना घर में क्यों छोड़ कर जाएगा?

जब उस बच्चे का मेडिकल टेस्ट हुआ तो पता चला कि वह बच्चा गम्भीर हृदय रोग से पीड़ित हैं और इस बीमारी के उपचार के लिए अधिक पैसो की जरूरत होगी और समय भी ज्यादा लगेगा. देखने वालों को लगा अब क्या होगा इस बच्चे का? लेकिन दीदी माँ की वात्सल्य धारा सारे अभावों, संकटों को जैसे बहा ले जाती हैं. उन्होंने संकल्प किया कि जैसे भी हो सकेगा इन नवजात का इलाज का पूरा खर्च वहन किया जायेगा. उनका यहीं संकल्प उस नन्हें बच्चे की एक ऐसी शक्ति बना हुआ हैं जिसके बल पर वह पाने रोग की तमाम चुनौतियों का सामना करता हुआ आधुनिक चिकित्सा की मदद से धीरे-धीरे स्वस्थ जीवन की राह पर बढ़ रहा हैं.

दीदी माँ साध्वी ऋतम्भरा जी के पावन मार्गदर्शन में परमशक्ति पीठ द्वारा संचालित मानव सेवा संस्थान | Sadhvi Ritambhara School and Hospital

  • वात्सल्य ग्राम, वृन्दावन (उत्तरप्रदेश)
  • कृष्णा ब्रम्हरतन विद्या मंदिर, वात्सल्य ग्राम, वृन्दावन (उत्तरप्रदेश)
  • समविद गुरुकुलम सीनियर सेकेंडरी स्कूल, वात्सल्य ग्राम, वृन्दावन (उत्तरप्रदेश)
  • प्रेमवती गुप्ता नेत्र चिकित्सालय, वात्सल्य ग्राम, वृन्दावन (उत्तरप्रदेश)
  • वैशिष्ट्यम – विशेष बच्चों का निःशुल्क प्रशिक्षण केंद्र, वात्सल्य ग्राम, वृन्दावन (उत्तरप्रदेश)
  • “उद्यमिता” – महिलाओं के लिए निःशुल्क व्यावसायिक प्रशिक्षण केंद्र, वात्सल्य ग्राम, वृन्दावन (उत्तरप्रदेश)
  • निःशुल्क कम्प्यूटर प्रशिक्षण केंद्र, वात्सल्य ग्राम, वृन्दावन (उत्तरप्रदेश)
  • कामधेनु गौगृह गौशाला, वात्सल्य ग्राम, वृन्दावन (उत्तरप्रदेश)
  • वात्सल्य अकादमी, ज्वालानगर (दिल्ली)
  • स्वामी परमानन्द प्राकृतिक चिकित्सालय, योग एवं अनुसन्धान केंद्र
  • युगचेतना वात्सल्य पीठ, नालागढ़ (हिमाचल प्रदेश)
  • वात्सल्य सेवा केंद्र, गुप्तकाशी (उत्तराखंड)
  • समविद गुरुकुलम आवासीय कन्या विद्यालय, ओंकारेश्वर (मध्यप्रदेश)
  • समविद गुरुकुलम इंग्लिश मीडियम स्कूल, ओंकारेश्वर (मध्यप्रदेश)
  • समविद गुरुकुलम स्कूल, सिजई, छतरपुर (मध्यप्रदेश)
  • वात्सल्य ग्राम, महीषा, डाकोरजी (गुजरात)
  • वात्सल्य सेवा केंद्र, बाड़मेर (राजस्थान)

दीदी माँ – साध्वी ऋतंभरा और वात्सल्य ग्राम विडियो | Didi Ma Sadhvi Ritambhara and Vatsalya Gram Video