ख्वाहिश शायरी | Khwahish Shayari in Hindi

Khwahish Shayari

Khwahish Shayari Status Quotes Image in Hindi for Whatsapp and Facebook – इस पोस्ट में बेहतरीन ख्वाहिश शायरी, ख्वाहिश स्टेटस आदि इस पोस्ट में दिए हुए है. इसे पूरा जरूर पढ़े.

इंसान की ख्वाहिश अनंत है. एक ख्वाहिश खत्म होती है तो दूसरी जन्म ले लेती है. और इंसान इन्हीं ख्वाहिशों को पूरा करने में पूरी जिन्दगी बिता देता है. जो ख्वाहिशें अधूरी रह जाती है वो सिर्फ तकलीफ और दर्द ही देती है. हर दिल कुछ अधूरी ख्वाहिशें जरूर पलती है.

ख्वाहिशें दो तरह की होती है. अच्छी ख्वाहिशें हमे ताकत और एनर्जी देती है. जबकि बुरी ख्वाहिशें हमें तकलीफ और दर्द देती है. जिन्दगी में ख्वाहिशें चाहे पूरी हो या अधूरी हो… पर चेहरे की मुस्कान पूरी होनी चाहिए. इस आर्टिकल में आप पढ़े New, Best, Latest, Khwahish Shayari Coleection in Hindi, Urdu, English.

Khwahish Shayari

गरीबों की दहलीज पर नहीं आना चाहिए,
इससे पहले ख्वाहिशों को मर जाना चाहिए.


दिल में इश्क़ की छुपी ख्वाहिशें
जुबाँ पर आती नहीं,
उन्हें मेरे दिल का हाल पता है
पर वो अपने दिल का हाल बताती नहीं.


टूटा हुआ दिल कभी हमारा नही होता,
जिन्दगी में ख्वाहिशों का किनारा नही होता.


बेवजह की ख्वाहिशें पालकर,
ख्वाहिशों के पीछे भागते है,
दिन में सुकून मिलता नही है,
अब रातों में भी जागते है.


ख्वाहिश शायरी

कुछ यूँ बिखरी पड़ी है मेरी ख्वाहिशें जैसे सितारे,
ना जाने क्यों पर अपने भी अब हमें नही लगते हमारे.


कुछ ख्वाहिशें है अधूरी
कुछ अधूरे से हम
वक्त बीता उम्र बीती
ना ख्वाहिशें हो सकी पूरी
ना पूरे हुए हम.


उम्र बड़ी लम्बी होती है मोहब्बत की,
हमने सारी उम्र उनकी ख्वाहिश में गुजार दी.


Khwahish Status in Hindi

ख्वाहिशों के बाजार सस्ते होते है,
गरीब मुस्कुराहट यूँ ही खरीद लेते है.


छोटे थे तब हर ख्वाहिश ख़ुशी में बदल जाती थी,
बड़े हुए तबसे हर ख्वाहिश दर्द ही देती है.


जख्म बहुत मिले पर हँसते रहे हम,
ख्वाहिश पूरी करने को मरते रहे हम.


मेरे अपनों के चेहरे पर उदासी न आ जाएँ,
मैंने कुछ ख्वाहिशों को दिल में दफन कर दिया.


Khwahish Shayari in Hindi

मेरी ख़्वाहिश है कि फिर से मैं फ़रिश्ता हो जाऊँ
माँ से इस तरह लिपट जाऊं कि बच्चा हो जाऊँ
– मुनव्वर राना


हज़ारों ख़्वाहिशें ऐसी कि, हर ख़्वाहिश पे दम निकले
बहुत निकले मेरे अरमान, लेकिन फिर भी कम निकले
– ग़ालिब


मेरी ख़्वाहिश के मुताबिक तिरी दुनिया कम है
और कुछ यूँ है ख़ुदा हद से ज़ियादा कम है
– शहबाज़ ‘नदीम’ ज़ियाई


ख्वाहिश तो न थी किसी से दिल लगाने की,
पर किस्मत में दर्द लिखा हो तो मोहब्बत कैसे न होती.


पूरे की ख्वाहिश में इंसान बहुत कुछ खोता है,
भूल जाता है कि आधा चाँद भी खूबसूरत होता है.


Adhuri Khwahish Shayari

ख्वाहिशें-ए-जिन्दगी बस इतनी सी है मेरी,
कि जिन्दगी शुरू और खत्म हो तुझपर मेरी.


दिल की ख्वाहिशें भले ही अधूरी हो,
पर चेहरे पर मुस्कुराहट पूरी हो.


पूरी जिन्दगी न जाने मैं क्या चाहता रहा,
कुछ अधूरी ख्वाहिशों को मैं पालता रहा.


ख्वाहिशें कुछ कुछ यूँ भी अधूरी रही,
पहले उम्र नही थी, अब उम्र नही रही.


न जाने कौन सी ख्वाहिश
पूरी होने की आस करते है,
हर दिल में भगवान है,
पर बाहर जन्नत की तलाश करते है.


Khwahish Quotes in Hindi

हसीन ख्वाहिशें जब दिल में पलती है,
तभी इंसान की किस्मत बदलती है.


अब तो ख्वाहिश है कि यह
जख्म भी खा कर देखे,
लम्हा भर को ही सही मगर
उसको भुला कर देखें.


एक ये ख्वाहिश कि कोई जख्म न देखे दिल का,
एक ये हसरत कि कोई देखने वाला तो होता.


ख्वाहिश नही मुझे मशहूर ओने की,
आप मुझे पहचानते हो बस इतना ही काफी है.


ख्वाहिश को ख्वाहिश ही रहने दो,
जरूरत बन गई तो नींद नही आएगी.


Khwahish Status

एक ख्वाहिश पूरी हो इबादत के बगैर,
वो आकर गले लगा ले मेरी इजाजत के बगैर.


कोई ख्वाहिश अधूरी न रहे,
चाहे जिसे तू उससे दूरी न रहे.


कभी कभी पूरे की ख्वाहिश में,
हम पहले से ज्यादा अधूरे हो जाते है.


आसमां के चाँद को पाने की ख्वाहिश नही,
मैंने दिल के जमीं पर ही चाँद ढूंढ रखा है.


नाम तेरा मेरी जुबां पर यूँ ही आ जाता है,
जब कोई मेरी आखिरी ख्वाहिश पूछता है.


ख्वाहिश शायरी हिंदी

दिल ने आज फिर तेरे दीदार की ख्वाहिश रखी है,
अगर फुर्सत मिले तो ख़्वाबों में आ जाना.


नही है ये ख्वाहिश कि इस
जहां या उस जहाँ में पनाह मिले,
बस इतना करम कर ऐ खुदा,
कोई ऐसा मिले जिससे प्यार बेपनाह मिले.


ये कैसी ख्वाहिश है
कि मिटती ही नहीं,
जी भर के तुझे देख लिया
फिर भी नजर हटती नही.


मेरी रब से एक गुजारिश है,
छोटी सी लगानी एक सिफारिश है,
रहे जीवन में हमेशा खुश मेरा महबूब
बस इतनी सी मेरी ख्वाहिश है.


जिन्दगी में दर्दें गम की कितनी बारिश है बाकी,
तेरी याद में भीगने की कितनी ख्वाहिश है बाकी.


ख्वाहिश स्टेटस हिंदी

ख्वाहिश नहीं है कि टूट कर चाहो तुम मुझे,
ख्वाहिश बस इतनी है कि टूटने न देना मुझे.


ख्वाहिश तो थी इश्क़ के दरिया में उतरने की,
पर हिम्मत न जुटा सका खुद को बर्बाद करने की.


मुझे मेरे कल की फ़िक्र तो आज भी नहीं,
पर ख्वाहिश तुम्हें पाने की कयामत तक रहेगी.


ख्वाहिश है – आँखे खुले तो साथ हो,
और आँखे बंद हो तो तेरा ख्वाब हो.


ख्वाहिश ये नही कि तारीफ़ हर कोई करे,
कोशिश ये जरूर है कि कोई बुरा ना कहे.


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