Food Shayari | खाना शायरी | Khana Shayari

Food Shayari Khana Shayari

Food Shayari in Hindi ( Shayari on Khana ) – प्रति वर्ष “16 अक्टूबर” को “विश्व खाद्य दिवस ( World Food Day )” मनाया जाता हैं, क्योंकि आज भी पूरी दुनिया में भूखे सोने वालों की संख्या में कोई कमी नहीं आई हैं. यह संख्या दिनों दिन बढ़ती जा रही हैं. इस दिवस को मनाने का मुख्य उद्देश्य पूरी दुनिया से भूखमरी को खत्म करना हैं. इसकी शुरूआत हर व्यक्ति अपने आप से कर सकता हैं. उतना ही खाना थाली में ले जितना खा सके. खाने की बर्बादी न करे. बचे हुए खाने को किसी गरीब या जरूरत मंद को दे जो उसका सही उपयोग कर सके.

इस पोस्ट में बेहतरीन फ़ूड शायरी, खाना शायरी, Hunger Shayari, Khane Pe Shayari, Eating Shayari in Hindi, Sher o Shayari on Food आदि दिए हुए हैं. इन शायरी को जरूर पढ़े और शेयर करें.

Best Food Shayari | बेस्ट फ़ूड शायरी

ऐ ख़ुदा यूँ रात में कोई रोया न करें,
करिश्मा कर दे कोई भूखा न सोया करें.


जब तक गरीबों के पास नहीं होगा भोजन पर्याप्त,
तब तक भूख-बीमारी-अपराध नही होगा समाप्त.


भोजन की बर्बादी का न करें काम,
क्योंकि आज भी भूखें सो जाते है इंसान.


खाने की असली कीमत हम और आप क्या बतायेंगे,
इसकी असली कीमत तो केवल भूखा ही बता सकता हैं.


काश !!! कोई ऐसा नियम आएँ,
बचा हुआ भोजन भूखें को मिल जाएँ.


शुभ कार्यों में भोजन उतना ही बनाएं,
कि फेकने की नौबत न आएं,
भोजन अधिक हो जाएं,
तो गरीबों में बाँट आएं.


नींद न जाने टूटी खाट,
भूख न जाने झूठी भात.


अन्न का कभी तुम अपमान न करना,
जरूरत मंद को जरूर दान करना.


ऐ मेरे ख़ुदा, गरीबी कोई गुनाह नहीं
फिर ये भूख क्यों सताती हैं,
इतनी मेहनत करने के बाद भी
उस गरीब के घर में रोटी कम क्यों हो जाती हैं.


अपनी गरीबी और भूख का कभी मजाक नहीं बनाया,
भूखा सो गया पर किसी के सामने हाथ नहीं फैलाया.