Hima Das Biography in Hindi | हिमा दास की जीवनी

Hima Das Biography in Hindi

Hima Das Biography in Hindi ( हिमा दास बायोग्राफी ) – हिमा दास भारत की पहली ऐसी महिला है, जिन्होंने आईएएऍफ़ ( IAAF – International Association of Athletics Federations ) विश्व अंडर-20 एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 400 मीटर की दौड़ में प्रथम स्थान लाकर “गोल्ड मेडल ( Gold Medal )” जीता. किसान परिवार के बेटी हिमादास असम की रहने वाली हैं और इन्होने 2017 में अपने कोच से दौड़ने की ट्रेनिंग लेना स्टार्ट किया था और बहुत ही कम समय में दौड़ की इतिहास में अपना नाम सुनहरे अक्षरों में अंकित कर दिया.

हिमा दास से सम्बन्धित जानकारी | Information about Hima Das

नाम – हिमा दास ( Hima Das)
जन्मतिथि – 9 जनवरी, 2000
जन्मस्थल – ढिंग, नौगांव, असम
राष्ट्रीयता – भारतीय
पेशा – ट्रैक फ़ील्ड एथलीट
पिता का नाम – रोंजीत दास ( Ronjit Das )
माता का नाम – जुमाली दास ( Jumali Das )
ऊचाई ( Height ) – 5 फीट 5 इंच
वजन ( Weight ) – 58 किलोग्राम
धर्म -हिन्दू
प्रसिद्धि का कारण – आईएएऍफ़ विश्व अंडर-20 एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 400 मीटर की दौड़ में गोल्ड जीतने वाली पहली महिला

हिमा दास का जन्म, परिवार और शिक्षा | Hima Das Birth, Family and Education

हिमा दास का जन्म 9 जनवरी, 2000 में असम राज्य के ढिंग गाँव में हुआ हैं. इनके माता का नाम जुमाली दास ( Jumali Das ) और पिता का नाम रोंजीत दास ( Ronjit Das ) है जोकि एक किसान हैं. हिमा दास के पांच भाई और बहन है और ये अपनी माता-पिता की सबसे छोटी बेटी हैं. हिमा दास इंटरमीडिएट् पास कर चुकी हैं.

हिमा दास करियर | Hima Das Career

  • बचपन से ही हिमा का खेलों के प्रति काफ़ी रुचि था. हिमा अपने स्कूल के दिनों में लड़कों के साथ मिलकर फ़ुटबाल खेला करती थी और इसी खेल की वजह से उनका स्टैमिना काफ़ी मजबूत हो गया था.
  • वर्ष 2017 में, हिमा की मुलाक़ात निपुण दास से “इंटर-डिस्ट्रिक्ट मीट ( Inter District Meet )” में हुआ. हिमा ने यहाँ 100 और 200 मीटर के दौड़ में स्वर्ण पदक जीता. वह हवा की तरह दौड़ रही थी.
  • हिमा से मिलने के बाद कोच निपुण दास ने उन्हें धावक (रनर) बनने की सलाह दी थी और हिम को अपने साथ गुवाहाटी ली आये थे. शुरुआत में हिमा के माँ-बाप ने मना किया फिर बाद में वो राजी हो गये. हिमा का परिवार काफी गरीब था इसलिए गुवाहाटी में हिम को ट्रेनिंग देने के दौरान उनके रहने का सारा खर्चा उनके कोच द्वारा जाता था.
  • हिमा को 200 मीटर की दौड़ के लिए तैयार किया था पर स्टैमिना को देखकर 200 मीटर की जगह 400 मीटर के ट्रैक पर दौड़ाना शुरू कर दिया था.
  • विश्व अंडर-20 एथलेटिक्स चैंपियनशिप में स्वर्ण जीतने के बाद भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने भी ट्विटर पर बधाई दी.

फिनलैंड विश्व अंडर 20 चैंपियनशिप | Hima Das Finland Under-20 Championship

दौड़ के शुरूआती 35 सेकंड तक, हिमा दास शीर्ष तीन में नहीं थी. हिमा दास के अंतिम वक्त में रफ़्तार पकड़ने पर निपुण दास कहते हैं – ” रेस में जब आख़िरी 100 मीटर तक हिम चौथे स्थान पर थी तो मुझे यकीन हो गया था कि वह इस बार गोल्ड ले आएगी, मैं उसकी तकनीक को जानता हूँ वह शुरूआत में थोड़ी धीमी रहती हैं और अपनी पूरी ऊर्जा अंतिम 100 मीटर में लगा देती हैं. यही उसकी खासियत है.